Telegram ने अब आधिकारिक रूप से The Open Network (TON) की मुख्य शक्ति के रूप में TON Foundation की जगह ले ली है। इसके साथ ही, Telegram के फाउंडर Pavel Durov ने कन्फर्म किया है कि खुद Messenger अब चेन का सबसे बड़ा वैलिडेटर बन जाएगा। इसी खबर के बाद Toncoin (TON) ने 100% से अधिक रैली की।
यह टेकओवर, Durov के “Make TON Great Again” प्रोग्राम का तीसरा स्टेज है, जो Telegram को TON के इन्फ्रास्ट्रक्चर के सेंटर में रखता है। इन्वेस्टर्स इसे सबसे मजबूत संकेत मान रहे हैं कि Messenger अब चेन पर एक अरब यूज़र्स वाली क्रिप्टो इकोनॉमी बनाने का प्लान कर रहा है।
TON की तेजी Telegram के नए कंट्रोल और नेटवर्क की रोडमैप व वैलिडेशन पर दिख रही है। Wallet in Telegram के चीफ टेक्नोलॉजी ऑफिसर Alexander Tobol ने BeInCrypto से बात की। उन्होंने बताया, चेन Telegram की टीम ने बनाई थी, बाद में इसे ओपन-सोर्स प्रोजेक्ट के रूप में अलग कर दिया गया।
Tobol के मुताबिक, वैलिडेटर मूव Telegram की डीपर कमिटमेंट को दिखाता है। इससे TON Messenger के मुख्य टेक स्टैक का हिस्सा बनता जा रहा है।
Messenger की पहुंच की वजह से कोई भी डिफॉल्ट क्रिप्टो लेयर तुरंत असरदार हो जाती है। Telegram के 1 अरब से ज्यादा यूजर हैं, जो चेन को ऐसी डिस्ट्रीब्यूशन ऐज देता है, जिसे कोई और टक्कर नहीं दे सकता।
आर्किटेक्चर के अलावा, Durov की टीम ने करीब 2.2 मिलियन TON स्टेक किए ताकि वे सबसे बड़े वैलिडेटर बन सकें। इससे Telegram का नेटवर्क सिक्योरिटी में दांव और मजबूत हुआ है।
ट्रांसफर, पेमेंट्स और मिनी-ऐप सर्विसेज भी अब TON पर सेटल हो सकती हैं। ऐसे में Tobol मानते हैं कि नेटवर्क सारे चेन में एक्टिव रिटेल वॉलेट्स के मामले में सबसे आगे हो सकता है।
वहीं, हाल ही में हुए इन्फ्रास्ट्रक्चर वर्क से भी मामला मजबूत हुआ है। Storm Trade के फाउंडर Denis Vasin ने Catchain 2.0 अपग्रेड की तरफ इशारा किया।
इससे ब्लॉक टाइम 2.5 सेकंड से घटकर 400 मिलीसेकंड रह गया है। फाइनलिटी करीब 10 सेकंड से घटकर सिर्फ 1 सेकंड हो गई है।
इसी अपग्रेड ने फीस को करीब 6 गुना घटाया और अब यह लगभग $0.0005 रह गई है। नेटवर्क 100,000 से ज्यादा ट्रांजेक्शन प्रति सेकंड प्रोसेस कर सकता है।
Vasin ने कहा कि Telegram-TON की एक्सक्लूसिविटी अब उसी आर्किटेक्चर से मेल खाती है जिसकी उम्मीद निवेशकों ने 2018 में की थी।
उन्होंने TON को सबसे हाई-थ्रूपुट Layer-1 चेन में से एक बताया। इसकी फास्ट फाइनलिटी और कम कॉस्ट इसे बार-बार होने वाले छोटे ट्रांजैक्शन के लिए परफेक्ट बनाती है।
Tobol का मानना है अगली ग्रोथ का फेज bots और मिनी-एप्स पर डिपेंड करेगा। यूजर्स सीधे Telegram में ट्रांजैक्ट करेंगे। फिलहाल हर साल करीब 15% का स्टेकिंग यील्ड लिक्विडिटी बनाए रखने में मदद करता है।
हालांकि, Vasin ने सतर्क रहने की सलाह दी है। मार्केट्स पहले ही TON को तेजी से रीप्राइस कर चुके हैं। कोई भी पुलबैक इस बात की परीक्षा होगी कि Telegram डिस्ट्रीब्यूशन को बार-बार आने वाली ऑन-चेन इनकम में बदल पाता है या नहीं। इस रैली के बाद एक्सिक्यूशन में गलती के लिए अब बहुत कम मार्जिन बचा है।
पिछले साल हुए Telegram द्वारा Toncoin की बड़ी सेल्स ने होल्डर्स को यह याद दिलाया कि मैसेंजर खुद बायर और सेलर दोनों की तरह काम कर चुका है।
निवेशक देखेंगे कि वेलिडेटर रोल Telegram को TON के लॉन्ग-टर्म वैल्यू से और ज्यादा मजबूती से जोड़ पाता है या नहीं।
TON फिर से CoinMarketCap के टॉप 10 में आएगा या नहीं, यह अनाउंसमेंट पर नहीं, बल्कि ट्रांजैक्शन एक्टिविटी पर डिपेंड करेगा।
आने वाले कुछ हफ्तों में यह साफ हो जाएगा कि यह चेन असली इकोनॉमिक ग्रेविटी हासिल कर रही है या नहीं।
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